October 23, 2026 6:54 am

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आज होगा असत्य पर सत्य की विजय, भारती इंटर कॉलेज खेल मैदान व छठ पूजा स्थल पर होगा रावण दहन विंढमगंज (सोनभद्र)। असत्य पर सत्य की विजय और अधर्म पर धर्म की जीत का प्रतीक विजयादशमी का पर्व आज विंढमगंज क्षेत्र में धूमधाम से मनाया जाएगा। स्थानीय भारती इंटर कॉलेज के खेल मैदान एवं छठ पूजा स्थल पर विशालकाय रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। विंढमगंज में रावण दहन की यह ऐतिहासिक परंपरा करीब 50 वर्षों से चली आ रही है। इस भव्य आयोजन को देखने के लिए सोनभद्र सहित आसपास के क्षेत्रों और पड़ोसी राज्यों से भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचते हैं। विजयादशमी के अवसर पर दोनों स्थलों पर मेले को लेकर उत्साह का माहौल रहता है। क्षेत्र के विभिन्न दुर्गा पूजा पंडालों में स्थापित मां दुर्गा की प्रतिमाओं की आकर्षक झांकियां भी खेल मैदान में पहुंचती हैं। हजारों की संख्या में महिला, पुरुष और बच्चे इस आयोजन में शामिल होकर मेले की रौनक बढ़ाते हैं। राम-रावण युद्ध होगा आकर्षण का केंद्र रावण दहन कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण भगवान श्रीराम और दशानन रावण के बीच होने वाला प्रतीकात्मक युद्ध होता है। युद्ध के अंतिम चरण में भगवान श्रीराम का बाण रावण के विशालकाय पुतले को धराशायी कर देता है। इसके साथ ही पूरा मैदान जय श्रीराम के जयकारों से गूंज उठता है और असत्य पर सत्य की विजय का संदेश जन-जन तक पहुंचता है। राम जानकी मंदिर के कार्यकर्ताओं की रहती है अहम भूमिका इस ऐतिहासिक आयोजन को सफल बनाने में राम जानकी मंदिर के कार्यकर्ताओं का महत्वपूर्ण योगदान रहता है। कार्यकर्ता महीनों पहले से तैयारियों में जुट जाते हैं और अथक मेहनत से मेले को आकर्षक स्वरूप प्रदान करते हैं। रावण के विशालकाय पुतले के निर्माण से लेकर अन्य व्यवस्थाओं तक में आयोजन समिति के सदस्यों का योगदान सराहनीय रहता है। सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन सतर्क मेले में उमड़ने वाली भारी भीड़ को देखते हुए स्थानीय पुलिस प्रशासन भी सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्क रहता है। थाना प्रभारी अपने हमराहियों के साथ मौके पर मुस्तैद रहकर शांति व्यवस्था बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, ताकि श्रद्धालुओं और दर्शकों को किसी प्रकार की परेशानी न हो तथा आयोजन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके। विजयादशमी के अवसर पर विंढमगंज के दोनों आयोजन स्थलों पर उत्सव का माहौल देखने को मिलेगा। लोगों को उस ऐतिहासिक क्षण का इंतजार है, जब भगवान श्रीराम के बाण से रावण का विशालकाय पुतला धू-धू कर जलेगा और पूरा क्षेत्र असत्य पर सत्य की विजय के जयघोष से गूंज उठेगा।

मंडल अध्यक्ष वीरेंद्र चौधरी ‘बबलु चौधरी’ ने विभिन्न धार्मिक यात्राओं पर निकलने वाले श्रद्धालुओं को दीं शुभकामनाएं, सेवाभाव की सराहना की

(दुद्धी सोनभद्र रिपोर्ट नितेश कुमार)

विंढमगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत में आज दिनांक 30 जुलाई, गुरुवार को मंडल अध्यक्ष वीरेंद्र चौधरी उर्फ़ ‘बबलु चौधरी’ ने सोशल मीडिया के माध्यम से देशभर में विभिन्न धार्मिक यात्राओं पर निकलने वाले श्रद्धालुओं को हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने इन आध्यात्मिक यात्राओं के सफल, सुरक्षित और सुव्यवस्थित संचालन में निस्वार्थ भाव से सेवा करने वाले सभी लोगों की भी मुक्त कंठ से सराहना की।

उन्होंने कहा, “जब कोई धार्मिक यात्रा पर निकलता है, तो सबसे पहला भाव यही उठता है कि ‘चलो चलें, हमें बुलाया गया है।’ यही भावना हमारी यात्रा की आत्मा है। ये धार्मिक यात्राएं शरीर को अनुशासित करने, हृदय को शुद्ध करने, आपसी प्रेम और भाईचारे को बढ़ावा देने तथा ईश्वर से जुड़ने का सशक्त माध्यम हैं।”

उन्होंने कहा कि धार्मिक यात्राएं केवल व्यक्तिगत आध्यात्मिक संतुष्टि तक सीमित नहीं हैं, बल्कि सामूहिक सेवा और सामाजिक समर्पण का भी उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करती हैं।

उन्होंने कहा, “इन यात्राओं का एक और महत्वपूर्ण पहलू सेवा का महान अनुष्ठान है। जब भी कोई तीर्थयात्रा होती है, तीर्थयात्रियों की सेवा में स्वयं यात्रियों से कहीं अधिक लोग जुटे होते हैं। जगह-जगह नि:शुल्क भंडारे लगाए जाते हैं, पेयजल की व्यवस्था की जाती है, चिकित्सा शिविर संचालित होते हैं तथा श्रद्धालुओं के लिए आवास और विश्राम की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाती हैं। यह हमारी भारतीय संस्कृति के सेवा और समर्पण के भाव का जीवंत उदाहरण है।”

मंडल अध्यक्ष ने लंबे अंतराल के बाद कांवड़ यात्रा के पुनः आरंभ होने पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि सावन माह के शुभ अवसर पर शुरू होने वाली यह यात्रा देशभर के करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का प्रतीक है।

उन्होंने कहा, “पवित्र कांवड़ यात्रा 30 जुलाई से प्रारंभ हो रही है और सावन का पावन महीना भी आरंभ हो चुका है। यह यात्रा देश के सबसे बड़े आस्था पर्वों में से एक है, जिसमें लाखों श्रद्धालु भगवान भोलेनाथ को जल अर्पित करने के लिए विभिन्न शिवधामों की ओर प्रस्थान करते हैं।”

उन्होंने इन धार्मिक आयोजनों में दिखाई देने वाली राष्ट्रीय एकता और सामाजिक समरसता की सराहना करते हुए कहा, “ये यात्राएं ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना को साकार करती हैं।”

अपने संदेश के अंत में मंडल अध्यक्ष वीरेंद्र चौधरी ‘बबलु चौधरी’ ने कहा, “जब हम पूरी श्रद्धा, अनुशासन और सेवा भाव के साथ इन तीर्थयात्राओं में सहभागी बनते हैं, तभी हमें इनके वास्तविक आध्यात्मिक फल की प्राप्ति होती है। विभिन्न धार्मिक यात्राओं पर जा रहे सभी सौभाग्यशाली श्रद्धालुओं को मैं अपनी हार्दिक शुभकामनाएं देता हूं। साथ ही, उन सभी सेवा-भावी लोगों का भी अभिनंदन करता हूं जो इन यात्राओं को सफल, सुरक्षित और सुव्यवस्थित बनाने में दिन-रात जुटे हुए हैं।”

Nitesh Kumar
Author: Nitesh Kumar

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