October 13, 2026 3:13 am

Written By

Share करें

✓ Link copy हो गया!

सम्बंधित जानकारी

विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारी तेज, मतदाता सूची दुरुस्त करने में जुटा तहसील प्रशासन एसडीएम अशोक कुमार गुप्ता ने बीएलओ और सुपरवाइजरों को दिए निर्देश, नए मतदाताओं के नाम जोड़ने और विलोपित नामों का सत्यापन करने पर जोर दुद्धी, सोनभद्र। विधानसभा चुनाव 2027 के मद्देनजर मतदाता सूची को त्रुटिरहित बनाने के लिए निर्वाचन आयोग के निर्देश पर तहसील प्रशासन सक्रिय हो गया है। इसी क्रम में दुद्धी तहसील सभागार में उपजिलाधिकारी अशोक कुमार गुप्ता की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इसमें तहसील क्षेत्र के सभी सुपरवाइजरों और बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) को मतदाता सूची पुनरीक्षण के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। बैठक में एसडीएम ने कहा कि स्वच्छ और त्रुटिरहित मतदाता सूची तैयार करना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने बीएलओ को अपने-अपने क्षेत्रों में घर-घर जाकर पात्र मतदाताओं का सत्यापन करने तथा 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले युवाओं को चिह्नित कर उनका फॉर्म-6 भरवाने का निर्देश दिया, ताकि कोई भी पात्र युवा मतदान के अधिकार से वंचित न रहे। विलोपित नामों का होगा भौतिक सत्यापन एसडीएम ने मतदाता सूची से हटाए गए नामों के संबंध में विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बीएलओ संबंधित मतदाताओं के घर जाकर भौतिक सत्यापन करें। जांच में कोई पात्र मतदाता सूची से बाहर पाया जाता है तो नियमानुसार आवश्यक दस्तावेजों के साथ फॉर्म-6 भरवाकर उसका नाम जोड़ने की प्रक्रिया पूरी की जाए। लापरवाही पर होगी कार्रवाई एसडीएम ने स्पष्ट किया कि निर्वाचन संबंधी कार्यों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी बीएलओ को निर्धारित समयसीमा के भीतर सत्यापन और आवेदन संबंधी कार्य पूरा करने के निर्देश दिए गए। बैठक में तहसील प्रशासन के अधिकारियों के साथ बड़ी संख्या में बीएलओ और सुपरवाइजर मौजूद रहे।

अल्कोहल वाली दवाओं पर सरकार का बड़ा फैसला, बिना डॉक्टर की पर्ची नहीं मिलेगी दवा

नशे के दुरुपयोग पर रोक लगाने के लिए केंद्र सरकार ने ड्रग्स रूल्स, 1945 में संशोधन करते हुए बड़ा फैसला लिया है। स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने ड्रग्स रूल्स (दसवां संशोधन) नियम, 2026 के तहत 12% से अधिक इथाइल अल्कोहल वाली और 30 मिलीलीटर से बड़ी पैकिंग वाली दवाओं को Schedule H1 के दायरे में शामिल कर दिया है। इसके बाद ऐसी दवाएं अब रजिस्टर्ड डॉक्टर की पर्ची के बिना नहीं बेची जा सकेंगी।

क्या बदलेगा?

  • 12% से अधिक इथाइल अल्कोहल और 30 मिलीलीटर से बड़ी पैकिंग वाली दवाएं अब Schedule H1 में रहेंगी।
  • इन दवाओं की बिक्री केवल डॉक्टर के वैध प्रिस्क्रिप्शन पर ही होगी।
  • इन्हें अब ओवर-द-काउंटर (OTC) दवाओं की तरह नहीं बेचा जा सकेगा।
  • नियम मुख्य रूप से कुछ कफ सिरप, हेल्थ टॉनिक और अन्य लिक्विड दवाओं पर लागू होंगे।

मेडिकल स्टोर को रखना होगा रिकॉर्ड

नए नियमों के तहत फार्मेसी संचालकों को इन दवाओं की बिक्री का अलग रिकॉर्ड रखना अनिवार्य होगा। रजिस्टर में निम्न जानकारी दर्ज करनी होगी—

  • मरीज का नाम
  • डॉक्टर का नाम
  • दवा का नाम और मात्रा
  • बिक्री का विवरण

कब से लागू होंगे नियम?

सरकार ने दवा कंपनियों और मेडिकल स्टोर संचालकों को तैयारी के लिए 6 महीने का समय दिया है।

  • इस दौरान दवा कंपनियों को लेबल और पैकेजिंग में आवश्यक बदलाव करने होंगे।
  • मेडिकल स्टोरों को रिकॉर्ड रखने और बिक्री प्रक्रिया को नए नियमों के अनुरूप बनाना होगा।
  • जनवरी 2027 से इन नियमों का पूरी तरह पालन अनिवार्य होगा।

सरकार ने यह कदम क्यों उठाया?

सरकार के अनुसार, कई अल्कोहल युक्त दवाओं, विशेषकर कुछ कफ सिरप और टॉनिक, का नशे के रूप में गलत इस्तेमाल किया जा रहा था। कई राज्यों में कोडीन युक्त कफ सिरप की अवैध तस्करी और दुरुपयोग के मामले भी सामने आए हैं।

सरकार का मानना है कि नए नियमों से—

  • अल्कोहल युक्त दवाओं के दुरुपयोग पर रोक लगेगी।
  • नशे के लिए दवाओं की आसान उपलब्धता कम होगी।
  • दवाओं का सुरक्षित और जिम्मेदार उपयोग सुनिश्चित किया जा सकेगा।
  • मरीजों के स्वास्थ्य की बेहतर सुरक्षा होगी।

किन दवाओं पर असर पड़ेगा?

नए नियमों का असर मुख्य रूप से उन दवाओं पर होगा जिनमें अधिक मात्रा में इथाइल अल्कोहल का उपयोग किया जाता है, जैसे—

  • कुछ कफ सिरप
  • कुछ हेल्थ टॉनिक
  • कुछ होम्योपैथिक लिक्विड दवाएं

हालांकि, हर अल्कोहल युक्त दवा इस नियम के दायरे में नहीं आएगी। केवल निर्धारित सीमा (12% से अधिक अल्कोहल और 30 मिलीलीटर से बड़ी पैकिंग) वाली दवाओं पर ही यह व्यवस्था लागू होगी।

Digital Bharat News
Author: Digital Bharat News

Digital Bharat News डेस्क पर प्रकाशित प्रत्येक समाचार हमारी संपादकीय टीम की सख्त जांच-परख और सत्यापन प्रक्रिया से गुजरता है। हमारे स्ट्रिंगर्स, विश्वसनीय स्रोतों और अनुभवी पत्रकारों द्वारा तैयार की गई ग्राउंड रिपोर्ट्स, स्पेशल रिपोर्ट्स, विशेष साक्षात्कार और रीयल-टाइम अपडेट्स को वरिष्ठ संपादकों द्वारा तथ्यों, स्रोतों और संदर्भों के आधार पर सावधानीपूर्वक सत्यापित किया जाता है। हमारा उद्देश्य पाठकों तक तेज़, निष्पक्ष, सटीक और भरोसेमंद समाचार पहुँचाना है, ताकि वे हर महत्वपूर्ण घटना की प्रमाणिक और संतुलित जानकारी प्राप्त कर सकें।

error: Content is protected !!