कोन/सोनभद्र। घने जंगलों के बीच स्थित प्रसिद्ध आस्था केंद्र माँ अमिला धाम में चैत्र नवरात्रि 2026 का शुभारंभ गुरुवार, 19 मार्च से भक्तिमय वातावरण में हुआ। नवरात्रि के पहले ही दिन सुबह तड़के से माँ अमिला देवी के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लग गईं। मंदिर परिसर में “जय माता दी” के उद्घोष से पूरा क्षेत्र गूंज उठा और भक्तों ने माँ अमिला के चरणों में माथा टेककर सुख-समृद्धि की कामना की। चैत्र नवरात्रि इस वर्ष 19 मार्च से शुरू होकर 27 मार्च (नवमी) तक चलेगी, जिसमें प्रतिदिन माँ दुर्गा के नौ स्वरूपों की पूजा-अर्चना की जाएगी।

पहले दिन की भीड़ ने यह स्पष्ट कर दिया कि अब क्षेत्र में श्रद्धालुओं के भीतर सुरक्षा को लेकर विश्वास बढ़ा है। एक समय था जब यह इलाका वीरान माना जाता था और नक्सली गतिविधियों के भय से लोग आने से कतराते थे, लेकिन इस बार पहले ही दिन सैकड़ों श्रद्धालुओं की उपस्थिति ने माहौल बदलने का संकेत दिया। मंदिर में दर्शन के लिए स्थानीय लोगों के साथ-साथ मध्य प्रदेश, बिहार और झारखंड से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे।

मेला कमेटी और जिला प्रशासन द्वारा नौ दिवसीय आयोजन को लेकर व्यापक तैयारियाँ की गई हैं। मंदिर परिसर, प्रवेश मार्ग, पार्किंग स्थल और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर पुलिस बल की तैनाती की गई है। सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी के लिए कोन थानाध्यक्ष संजीव सिंह को नियमित निरीक्षण और क्षेत्र भ्रमण के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का उद्देश्य है कि पूरे नवरात्रि मेले के दौरान श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।

श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पीने के पानी, साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था और प्राथमिक उपचार की विशेष व्यवस्था की गई है। मंदिर क्षेत्र में अस्थायी सहायता केंद्र भी बनाए गए हैं, जहाँ जरूरत पड़ने पर तुरंत सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। स्थानीय प्रशासन की ओर से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि मेले का संचालन व्यवस्थित और सुरक्षित ढंग से हो।

नवरात्रि के नौ दिनों में प्रतिदिन माँ दुर्गा के अलग-अलग स्वरूपों की पूजा होगी—पहले दिन माँ शैलपुत्री, दूसरे दिन ब्रह्मचारिणी, तीसरे दिन चंद्रघंटा, चौथे दिन कूष्मांडा, पाँचवें दिन स्कंदमाता, छठे दिन कात्यायनी, सातवें दिन कालरात्रि, आठवें दिन महागौरी और नवमी पर सिद्धिदात्री की विशेष पूजा की जाएगी। इन दिनों मंदिर में विशेष आरती, दुर्गा सप्तशती पाठ, भजन-कीर्तन और धार्मिक अनुष्ठान निरंतर चलते रहेंगे ।





सुरक्षा अधिकारियों ने कहा है कि नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।

माँ अमिला धाम में नवरात्रि के पहले दिन उमड़े जनसैलाब ने यह साबित कर दिया कि क्षेत्र की धार्मिक आस्था पहले से अधिक मजबूत हुई है। अगले आठ दिनों तक यहाँ श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ने की संभावना है, जिससे पूरे क्षेत्र में धार्मिक उत्साह चरम पर रहेगा ।


