पशुपालकों के लिए ‘सूडान घास’ दूध उत्पादन बढ़ाने का रामबाण उपाय साबित हो रही है. गर्मी में हरे चारे की किल्लत को दूर करने के लिए कोडरमा गौशाला ने इसकी सफल खेती की है. मात्र 400 रुपये के बीज से शुरू हुई इस घास की ऊंचाई 7 फीट तक होती है. पशुओं को यह पोषक चारा खिलाने से प्रति गाय रोजाना 2 किलो दूध की वृद्धि हुई है, जिससे पशुपालकों को प्रति गाय 130 रुपये तक का अतिरिक्त मुनाफा हो रहा है. इसकी खासियत यह है कि एक बार लगाने के बाद इसे दोबारा रोपा जा सकता है, जिससे लागत कम और मुनाफा अधिक मिलता है.
पशुपालकों के लिए ‘सूडान घास’ दूध उत्पादन बढ़ाने का रामबाण उपाय साबित हो रही है. गर्मी में हरे चारे की किल्लत को दूर करने के लिए कोडरमा गौशाला ने इसकी सफल खेती की है. मात्र 400 रुपये के बीज से शुरू हुई इस घास की ऊंचाई 7 फीट तक होती है. पशुओं को यह पोषक चारा खिलाने से प्रति गाय रोजाना 2 किलो दूध की वृद्धि हुई है, जिससे पशुपालकों को प्रति गाय 130 रुपये तक का अतिरिक्त मुनाफा हो रहा है. इसकी खासियत यह है कि एक बार लगाने के बाद इसे दोबारा रोपा जा सकता है, जिससे लागत कम और मुनाफा अधिक मिलता है.











