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Video: 5 रुपये से शुरू किया था सफर, मिला चुका है पद्मश्री भी! बिहार की इस महिला ने अचार को बनाया ग्लोबल ब्रांड

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Published On: April 6, 2026

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Muzaffarpur Kisan Chachi success story: कभी दो वक्त की रोटी के लिए संघर्ष करने वाली और समाज के ताने सहने वाली राजकुमारी देवी आज देश के लिए मिसाल बन चुकी हैं. मुजफ्फरपुर के आनंदपुर गांव की रहने वाली राजकुमारी देवी उर्फ किसान चाची की कहानी केवल संघर्ष की नहीं, बल्कि एक महिला के आत्मनिर्भर बनने के अटूट आत्मविश्वास की है. 1990 के दशक में पारिवारिक विवाद और तंगहाली के बीच उन्होंने हार नहीं मानी. बस का किराया बचाने के लिए साइकिल चलाना सीखा और खेतों की उपज खुद बाजार तक पहुंचाने लगीं. 2002 में शुरू हुआ अचार का छोटा सा कारोबार आज एक बड़े ब्रांड में तब्दील हो चुका है. वर्ष 2019 में राष्ट्रपति द्वारा देश के प्रतिष्ठित ‘पद्मश्री’ से नवाजा गया. आज उनके पास 30 से 60 महिलाएं नियमित काम कर रही हैं. बिहार के सरकारी मॉल्स के बाद अब उनका अचार दूसरे राज्यों की रसोई तक पहुंचने को तैयार है. किसान चाची का जीवन यह साबित करता है कि अगर हौसला बुलंद हो, तो खेत की पगडंडियों से राष्ट्रपति भवन तक का रास्ता तय करना नामुमकिन नहीं है.

​Muzaffarpur Kisan Chachi success story: कभी दो वक्त की रोटी के लिए संघर्ष करने वाली और समाज के ताने सहने वाली राजकुमारी देवी आज देश के लिए मिसाल बन चुकी हैं. मुजफ्फरपुर के आनंदपुर गांव की रहने वाली राजकुमारी देवी उर्फ किसान चाची की कहानी केवल संघर्ष की नहीं, बल्कि एक महिला के आत्मनिर्भर बनने के अटूट आत्मविश्वास की है. 1990 के दशक में पारिवारिक विवाद और तंगहाली के बीच उन्होंने हार नहीं मानी. बस का किराया बचाने के लिए साइकिल चलाना सीखा और खेतों की उपज खुद बाजार तक पहुंचाने लगीं. 2002 में शुरू हुआ अचार का छोटा सा कारोबार आज एक बड़े ब्रांड में तब्दील हो चुका है. वर्ष 2019 में राष्ट्रपति द्वारा देश के प्रतिष्ठित ‘पद्मश्री’ से नवाजा गया. आज उनके पास 30 से 60 महिलाएं नियमित काम कर रही हैं. बिहार के सरकारी मॉल्स के बाद अब उनका अचार दूसरे राज्यों की रसोई तक पहुंचने को तैयार है. किसान चाची का जीवन यह साबित करता है कि अगर हौसला बुलंद हो, तो खेत की पगडंडियों से राष्ट्रपति भवन तक का रास्ता तय करना नामुमकिन नहीं है.  

विकाश रघुवंशी संस्थापक एवं प्रधान संपादक डिजिटल भारत न्यूज़ (डिजिटल मीडिया) एवं रघुवंशी वाइसहब (प्रिंट मीडिया) 📞 7403888881 विकाश रघुवंशी Digital Bharat News में पिछले छह वर्षों से सक्रिय रूप से कार्यरत हैं। डिजिटल और प्रिंट पत्रकारिता में उन्हें 6 वर्ष से अधिक का अनुभव है। सोनभद्र में पत्रकारिता करते हुए उन्होंने स्थानीय मुद्दों, जनसरोकार और प्रशासनिक खबरों पर मजबूत पकड़ बनाई है। उत्तर प्रदेश की राजनीति, क्राइम और सामाजिक विषयों पर उनकी विशेष पकड़ है। इसके अलावा इंफ्रास्ट्रक्चर, पर्यटन, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे विषयों पर भी वे नियमित रूप से लिखते हैं। उन्होंने बैचलर ऑफ आर्ट्स इन जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन की डिग्री प्राप्त की है। सरल और प्रभावी भाषा में खबरों को पाठकों तक पहुँचाना उनकी विशेषता है। खबर लिखने के अलावा साहित्य पढ़ने और लिखने में भी उनकी गहरी रुचि है। || भारत का तेजी से उभरता हुआ हिन्दी समाचार पत्र ||… Read More

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