घीवही रेलवे गेट के पास सड़क के बीच निकली लोहे की छड़ बनी दुर्घटना का कारण, ग्रामीणों ने की तत्काल मरम्मत की मांग
विंढमगंज (सोनभद्र) ( प्रेमचंद की रिपोर्ट )
स्थानीय थाना क्षेत्र के अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या-39 (एनएच-39) पर स्थित घीवही रेलवे गेट के पास सड़क की हालत बेहद खराब हो चुकी है। जगह-जगह गड्ढे और बीचोंबीच निकला लोहे का रॉड यहां से गुजरने वाले वाहनों के लिए खतरा बना हुआ है। बुधवार को जब संवाददाता मौके पर पहुंचे तो सड़क के बीचोंबीच मोटा लोहे का रॉड बाहर निकला हुआ पाया गया, जिससे आए दिन छोटे-बड़े हादसे हो रहे हैं।

आसपास के ग्रामीणों ने बताया कि यह छड़ कई महीनों से इसी तरह निकली हुई है, लेकिन न तो लोक निर्माण विभाग (PWD) और न ही राजमार्ग विभाग ने अब तक इसकी सुध ली है। इस लापरवाही के कारण अब तक कई लोग घायल हो चुके हैं।

ग्रामीणों का कहना है कि एनएच-39 की सड़क पूरी तरह गड्ढों में तब्दील हो चुकी है। बरसात में इन गड्ढों में पानी भर जाने से राहगीरों और वाहन चालकों को सड़क की गहराई का अंदाजा नहीं लग पाता, जिससे आए दिन वाहन फंसकर पलट जाते हैं।
स्थानीय नागरिकों ने बताया कि घीवही रेलवे गेट से विंढमगंज, दुद्धी, कोन और महुली सहित कई कस्बों और गांवों का संपर्क बना रहता है। यह मार्ग आम जनता, स्कूल जाने वाले बच्चों, व्यापारियों और किसानों के लिए मुख्य रास्ता है। ऐसे में सड़क की यह स्थिति शासन-प्रशासन की गंभीर लापरवाही को दर्शाती है।

ग्रामीणों ने बताया कि कई बार संबंधित अधिकारियों को इस समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। लोगों ने सवाल उठाया कि क्या प्रशासन किसी बड़ी दुर्घटना का इंतजार कर रहा है?
ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई और लोहे की छड़ नहीं हटाई गई, तो वे धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
>ग्रामीणों ने कहा — एनएच-39 जैसी राष्ट्रीय सड़क पर इस तरह की लापरवाही शर्मनाक है। क्या प्रशासन किसी की जान जाने के बाद ही जागेगा?












