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फिल्म इंडस्ट्री में कुछ टाइटल फिल्मों के लिए महनूस साबित हुए हैं. ऐसा ही एक अनलकी बॉलीवुड टाइटल है ‘शहजादा’. यह ट्रेंड 1972 में राजेश खन्ना की असफलता से शुरू हुआ, 1989 में धर्मेंद्र और शत्रुघ्न सिन्हा की असफलता तक जारी रहा और आखिरकार 2023 में कार्तिक आर्यन की डिजास्टर फिल्म तक पहुंच गया. पिछले 50 सालों में तीन पीढ़ियों के बड़े स्टार्स इस टाइटल के साथ असफल रहे हैं. चलिए, आपको बताते हैं इस ‘अनलकी’ टाइटल की पूरी कहानी.
नई दिल्ली. बॉलीवुड में अक्सर कहा जाता है कि सफलता के लिए सिर्फ टैलेंट ही काफी नहीं है, बल्कि किस्मत और सही टाइमिंग भी जरूरी है. फिल्म इंडस्ट्री में अंधविश्वास इतना फैला हुआ है कि लोग अपनी फिल्मों के टाइटल की स्पेलिंग भी बदल देते हैं. लेकिन एक अनलकी टाइटल ऐसा है, जो जब भी स्क्रीन पर आता है तो न सिर्फ बॉक्स ऑफिस पर डिजास्टर बल्कि प्रोड्यूसर्स की बर्बादी भी करता है. वह नाम है शहजादा. पिछले 50 सालों में अलग-अलग दौर के तीन जाने-माने स्टार्स ने इस टाइटल के साथ अपनी किस्मत आजमाई है, लेकिन नतीजा हमेशा बुरा रहा है.

यह ट्रेंड 1972 में शुरू हुआ था. उस समय राजेश खन्ना इंडियन सिनेमा के पहले सुपरस्टार थे. उनकी पॉपुलैरिटी इतनी थी कि जिस भी फिल्म के पोस्टर पर वे दिखते थे, भीड़ लग जाती थी. इसी दौरान डायरेक्टर के. शंकर ने उन्हें लेकर ‘शहजादा’ बनाई. इस फिल्म में राखी ने राजेश खन्ना के साथ लीड रोल किया था.

डिस्ट्रीब्यूटर्स को उम्मीद थी कि वे ‘आराधना’ और ‘हाथी मेरे साथी’ का जादू फिर से जगा पाएंगे, लेकिन रिलीज होते ही दर्शकों ने इसे पूरी तरह से रिजेक्ट कर दिया. राजेश खन्ना जैसे लेजेंड के होने के बावजूद, फिल्म की नाकामी को अपने समय की सबसे बड़ी कमर्शियल नाकामियों में से एक माना गया. यहीं से इस टाइटल को अनलकी माना जाने लगा.
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फिर, 1980 के दशक के आखिर में इसका टाइटल थोड़ा बदलकर ‘शहजादे’ कर दिया गया. इस फिल्म में उस जमाने के दो सबसे बड़े मास हीरो धर्मेंद्र और शत्रुघ्न सिन्हा एक साथ आए थे. राज एन. सिप्पी के डायरेक्शन में बनी इस फिल्म से उम्मीद थी कि यह अपने एक्शन और ड्रामा से बॉक्स ऑफिस पर धमाल मचा देगी.

हैरानी की बात है कि दो बड़े स्टार्स होने के बावजूद, यह दर्शकों को थिएटर तक नहीं खींच पाई. स्क्रिप्ट और म्यूजिक दोनों ही कमजोर साबित हुए. यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर भी बुरी तरह फ्लॉप रही, जिससे यह साबित होता है कि कोई फिल्म सिर्फ बड़े टाइटल और बड़े स्टार्स के नाम पर नहीं चलती.

इतिहास ने 2023 में खुद को सबसे दर्दनाक तरीके से दोहराया. कार्तिक आर्यन, जिन्हें ‘भूल भुलैया 2’ की ब्लॉकबस्टर सफलता के बाद बॉलीवुड का नया ‘पोस्टर बॉय’ माना जा रहा था, ‘शहजादा’ के साथ पर्दे पर लौटे. यह फिल्म अल्लू अर्जुन की सुपरहिट साउथ फिल्म ‘अला वैकुंठपुरमुलू’ की ऑफिशियल हिंदी रीमेक थी.

कार्तिक आर्यन ने इस फिल्म के लिए अपनी पूरी कोशिश की, यहां तक कि इसके को-प्रोड्यूसर भी बन गए, लेकिन रिलीज होने पर टाइटल का पुराना श्राप वापस आ गया. 85 करोड़ से ज्यादा के बजट में बनी यह फिल्म अपनी लागत का आधा भी नहीं निकाल पाई. यह कार्तिक आर्यन के फलते-फूलते करियर के लिए एक बड़ा झटका था, जिससे साबित होता है कि ‘शहजादा’ नाम ही बॉक्स ऑफिस पर अनलकी है.


