पेंटागन की चहारदीवारी के भीतर चल रही ‘कोल्ड वॉर’ ने आखिरकार एक ऐसे ज्वालामुखी का रूप ले लिया जिसने अमेरिकी सेना के सबसे ताकतवर जनरल की कुर्सी को ही भस्म कर दिया. 2 अप्रैल की वो सुबह सामान्य नहीं थी जब जनरल रैंडी जॉर्ज को उनके कार्यकाल के बीच में ही ‘कलम की एक नोक’ से विदाई का परवाना थमा दिया गया. अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने एक चौंकाने वाले फैसले में थल सेना प्रमुख जनरल रैंडी जॉर्ज को तत्काल प्रभाव से रिटायर होने का आदेश दे दिया है. ईरान युद्ध के बीच इस कदम की एक नहीं बल्कि तीन-तीन अहम वजह हैं. चलिए हम आपको इनके बारे में विस्तार में बताते हैं.
क्या ‘किड रॉक’ विवाद बना विदाई की वजह?
मार्च 2026 में मशहूर सिंगर और ट्रंप समर्थक किड रॉक के नैशविले स्थित आवास (जिसे वे ‘सदन व्हाइट हाउस’ कहते हैं) के ऊपर दो अपाचे हेलीकॉप्टरों ने नीची उड़ान भरी थी.
· विवाद: सेना ने इसे प्रोटोकॉल का उल्लंघन मानकर पायलटों को सस्पेंड कर दिया था.
· हस्तक्षेप: रक्षा मंत्री हेगसेथ ने न केवल जांच रोकी बल्कि पायलटों का निलंबन रद्द करते हुए किड रॉक को पैट्रियट बताया.
· सच्चाई: हालांकि समय एक ही है लेकिन सूत्रों का कहना है कि जनरल जॉर्ज की विदाई का असली कारण यह अकेला विवाद नहीं बल्कि कुछ और गहरे मतभेद हैं.
विवाद की असली जड़
रिपोर्ट्स के मुताबिक, जनरल जॉर्ज और रक्षा मंत्री हेगसेथ के बीच असली जंग अधिकारियों के प्रमोशन को लेकर थी:
1.प्रमोशन लिस्ट पर अड़ंगा: हेगसेथ चार सैन्य अधिकारियों को ‘वन-स्टार जनरल’ बनाने की राह में रोड़ा अटका रहे थे. जनरल जॉर्ज ने इन अधिकारियों के शानदार रिकॉर्ड का हवाला देते हुए हेगसेथ की मांग (उन्हें लिस्ट से हटाने) को मानने से इनकार कर दिया.
2.सीधे टकराव: जनरल जॉर्ज ने हेगसेथ से मिलकर यह चिंता जताई थी कि रक्षा मंत्रालय सेना के आंतरिक कार्मिक फैसलों में अनावश्यक हस्तक्षेप कर रहा है जिसे हेगसेथ ने अनसुना कर दिया.
3.वैचारिक मतभेद: हेगसेथ पेंटागन में ऐसे नेतृत्व को चाहते हैं जो राष्ट्रपति ट्रंप के विजन के साथ पूरी तरह अलाइंड (तालमेल वाला) हो.
एक दर्जन से ज्यादा अधिकारी बाहर
यह केवल एक जनरल की विदाई नहीं है बल्कि पेंटागन का व्यापक पुनर्गठन है. हेगसेथ अब तक जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के चेयरमैन जनरल सी.क्यू. ब्राउन और नौसेना प्रमुख एडमिरल लिसा फ्रेंचेती सहित एक दर्जन से अधिक वरिष्ठ अधिकारियों को पदमुक्त कर चुके हैं.
अब आगे क्या?
जनरल जॉर्ज की जगह जनरल क्रिस्टोफर लावेन को कार्यवाहक थल सेना प्रमुख नियुक्त किया गया है. लावेन को हेगसेथ का करीबी और भरोसेमंद माना जाता है जो प्रशासन के विजन को बिना किसी हिचकिचाहट के लागू करने के लिए जाने जाते हैं.
सवाल-जवाब
क्या जनरल रैंडी जॉर्ज की विदाई से सेना के मनोबल पर असर पड़ेगा?
ईरान के साथ संघर्ष के बीच इतने बड़े स्तर पर शीर्ष नेतृत्व को हटाना सेना के भीतर अस्थिरता पैदा कर सकता है. हालांकि, प्रशासन का मानना है कि विजन के साथ तालमेल बिठाने के लिए यह लीडरशिप चेंज जरूरी था.
क्या तेहरान टोल बूथ और अमेरिकी सेना के इस फेरबदल का कोई संबंध है?
सीधे तौर पर नहीं लेकिन ईरान के साथ चल रहे संघर्ष और होर्मुज में बिगड़ती स्थिति के बीच सेना प्रमुख को हटाना यह दर्शाता है कि अमेरिका अपनी सैन्य रणनीति और कमान संरचना को पूरी तरह बदलने की तैयारी में है.


